TERROR IN MAHARAJGANJ: बरगदवा के अमहवा सिवान में तेंदुए का खूनी तांडव, 8 किसानों को लहूलुहान कर फसलों को रौंदा; वन विभाग की लापरवाही पर भड़की जनता रिपोर्ट: ND Live से राघवेंद्र द्विवेदी

TERROR IN MAHARAJGANJ: बरगदवा के अमहवा सिवान में तेंदुए का खूनी तांडव, 8 किसानों को लहूलुहान कर फसलों को रौंदा; वन विभाग की लापरवाही पर भड़की जनता रिपोर्ट: ND Live से राघवेंद्र द्विवेदी* (ND Live News Global) | दिनांक: 12 जनवरी, 2026 ग्राउंड रिपोर्ट: राघवेंद्र द्विवेदी (ब्यूरो, बरगदवा) महराजगंज (उत्तर प्रदेश): भारत-नेपाल सीमा पर स्थित उत्तर प्रदेश के जनपद महराजगंज में वन्य जीवों और इंसानों के बीच संघर्ष ने आज एक भयावह रूप ले लिया है। सोमवार दोपहर करीब 2:00 बजे, जनपद के बरगदवा थाना क्षेत्र अंतर्गत अमहवा सिवान में एक आदमखोर तेंदुए ने अचानक हमला बोलकर पूरे इलाके में दहशत फैला दी। इस भीषण हमले में खेत में काम कर रहे 8 ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिन्हें आनन-फानन में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। खेतों में 'खूनी संघर्ष', दहाड़ से कांप उठा इलाका प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर के वक्त किसान खेतों में फसल की देखरेख कर रहे थे, तभी अचानक झाड़ियों से निकले तेंदुए ने एक के बाद एक 8 लोगों पर जानलेवा हमला कर दिया। तेंदुए के पंजों से ग्रामीण बुरी तरह लहूलुहान हो गए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि तेंदुआ न केवल लोगों को निशाना बना रहा है, बल्कि अपनी तेज दहाड़ के साथ किसानों की कड़ी मेहनत से तैयार फसलों को भी बेरहमी से रौंद रहा है। खबर लिखे जाने तक तेंदुआ खुलेआम घूम रहा है, जिससे पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा हुआ है। वन विभाग की 'सफेद हाथी' जैसी लापरवाही: डीएम से कार्रवाई की मांग इस पूरी घटना ने वन विभाग (Forest Department) की कार्यप्रणाली पर गंभीर अंतरराष्ट्रीय स्तर के सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों में विभाग के प्रति भारी आक्रोश है। आरोप है कि: इलाके में तेंदुए की मौजूदगी की सूचना के बावजूद वन विभाग ने कोई एहतियाती कदम नहीं उठाया। घटना के घंटों बीत जाने के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी मौके से नदारद हैं। रेस्क्यू टीम के पास न तो पर्याप्त संसाधन हैं और न ही इस हिंसक जानवर को पकड़ने की कोई ठोस रणनीति। ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग के कर्मचारी केवल कार्यालयों तक सीमित हैं, जबकि खेतों में किसान अपनी जान जोखिम में डालकर काम करने को मजबूर हैं। इलाके के प्रबुद्ध नागरिकों ने जिलाधिकारी (DM) महराजगंज से मांग की है कि इस घोर लापरवाही के जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों पर तत्काल कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाए और पीड़ित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। दहशत के साये में ग्रामीण अमहवा और आसपास के गाँवों में इस वक्त 'रेड अलर्ट' जैसी स्थिति है। तेंदुआ अभी तक पकड़ा नहीं गया है, जिससे रात के समय किसी बड़ी अनहोनी की आशंका बनी हुई है। पुलिस बल मौके पर तैनात है, लेकिन जंगली जानवर को काबू करने में विशेषज्ञता की कमी साफ झलक रही है। *विशेष ग्राउंड रिपोर्ट: राघवेंद्र द्विवेदी* ND Live News Network - बरगदवा (महराजगंज)

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